पार्थिव ने पहली बार गुजरात को बनाया रणजी ट्रोफी चैंपियन  |  इन दलीलों के साथ 'साइकल' पर दावे के लिए चुनाव आयोग जाएंगे मुलायम  |  पांच राज्यों में चुनाव: विपक्ष नहीं चाहता 1 फरवरी को आए बजट, चुनाव आयोग तक पहुंची बात  |  बीटल्स के गाने पर विपक्षी नेताओं के साथ जमकर झूमे मेघालय के मुख्यमंत्री मुकुल संगमा  |  मुलायम के दो सिग्नेचर से उठे सवाल, क्या कोई और ले रहा है फैसले?

सऊदी अरबः महिलाओं के समर्थन में आगे आया शख्स, हुई जेल

रियाद
सऊदी अरब में एक शख्स को सिर्फ इसलिए जेल में डाल दिया गया क्योंकि उसने मुस्लिम समुदाय में महिलाओं पर पुरुषों के वर्चस्व के खिलाफ आवाज उठाई थी। मंगलवार को स्थानीय मीडिया के हवाले यह जानकारी मिली।

पूर्वी शहर दम्माम की अदालत ने शख्स पर करीब 5 लाख रुपयों का फाइन भी लगाया। लोकल मीडिया के मुताबिक, इस शख्स ने महिलाओं पर वर्चस्व के खिलाफ कुछ कॉमेंट्स अपने ट्विटर अकॉउंट पर पोस्ट किए थे और पोस्टरों पर भी ऐसी बातें लिखी थीं।

इस शख्स को अल-हसा में मस्जिदों पर पोस्टर लगाने के दौरान पकड़ा गया। स्थानीय मीडिया के मुताबिक, पूछताछ के दौरान पुलिस ने पाया कि यह शख्स अपनी विचारधार के समर्थन में एक बड़ा ऑनलाइन कैंपेन भी चला रहा है और सऊदी में लोगों का एक बड़ा तबका इस कैंपने से जुड़ भी रहा है।


सऊदी अरब में महिलाओं के लिए काफी सख्त कानून हैं। वहां पर महिलाओं को पूरी तरह से पुरुषों के संरक्षण में रहना होता है। इस संरक्षण का अर्थ है कि उन्हें अपने जीवन से जुड़े हर फैसले जैसे कि पढ़ाई, बाहर आना-जाना आदि सभी चीजों के लिए घर के पुरुषों की इजाजत लेनी होती है। कुछ सामाजिक कार्यकर्ताओं ने बताया कि अगर किसी महिला को जेल या सुधार गृह में रखा गया तो सजा खत्म होने के बाद अक्सर उनके परिवारवाले उन्हें अपनाने से इनकार कर देते हैं। ऐसी सूरत में महिलाओं का कारावास और बढ़ा दिया जाता है।